शाहजहांपुर8 मिनट पहले
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शाहजहांपुर में बुधवार की दोपहर करीब दो बजे उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक को काले झंडे दिखाने के मामले में जलालाबाद थाने में रात में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस ने चार नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। हालांकि, घटना के कई घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक आरोपियों के पूरे नाम और पहचान का पता नहीं लगा पाई है।
यह घटना बुधवार को हुई जब उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक मिर्जापुर क्षेत्र में एक जनसभा के बाद परशुराम मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए जा रहे थे। कोला मोड़ के पास जब उनका काफिला जलालाबाद की ओर बढ़ रहा था, तभी कुछ युवकों ने अचानक सड़क पर आकर काफिले को काले झंडे दिखाए और ‘वापस जाओ’ के नारे लगाए।
काफिला तो आगे निकल गया, लेकिन काले झंडे दिखाते हुए युवकों का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। इसके बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। पुलिस अधिकारियों ने तत्काल मामले की जांच शुरू की। वीडियो में आरोपियों के चेहरे दिख रहे थे, फिर भी जलालाबाद पुलिस को उनकी पहचान करने में काफी समय लगा।

पुलिस ने उन्हीं आधे-अधूरे नामों के आधार पर एफआईआर दर्ज की है। इस घटना के समय उपमुख्यमंत्री के साथ वित्त मंत्री सुरेश खन्ना भी मौजूद थे और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। करीब बीस घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस अब तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
पुलिस अभी तक यह भी पता नहीं लगा पाई है कि काले झंडे दिखाने वाले आरोपी कहां के रहने वाले हैं, वे कहां से आए थे और उनकी मंशा केवल झंडे दिखाने तक सीमित थी या इसके पीछे कोई और उद्देश्य था। पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं कि आधे-अधूरे नामों के साथ एफआईआर दर्ज होने पर आरोपियों को कैसे गिरफ्तार किया जाएगा।
जलालाबाद थाना प्रभारी अरविंद सिंह चौहान ने बताया कि चार नामजद और चार अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। उन्होंने कहा कि आरोपियों के नाम अभी शॉर्ट में पता चल पाए हैं, उनके पूरे कंप्लीट नाम नही मिल पाए हैं।उसी की जानकारी की जा रही है।
