![]()
दिल्ली में पीएम नरेंद्र मोदी ने वाराणसी से वडनगर जा रहे सेवा यात्रियों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बातचीत की। उन्होंने कहा कि हम गांधी जी के जीवन की ओर देखते हैं, तो वे अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई लड़ने और आजादी का आंदोलन चलाने के साथ-साथ एक बड़े सामाजिक सुधारक भी थे। समाज में व्याप्त बुराइयों के खिलाफ उन्होंने हमेशा काम किया। इसलिए हमें भी समाज में निरंतर सुधार और सकारात्मक परिवर्तन के लिए काम करते रहना चाहिए, केवल वोटबैंक की राजनीति के लिए नहीं। दरअसल, दो बाइक रैलियों को 17 सितंबर को पीएम मोदी के 76वें जन्मदिन पर रवाना किया गया था। एक रैली उनके जन्मस्थान वडनगर से वाराणसी और दूसरी वाराणसी से वडनगर के लिए निकली है। दोनों यात्राएं 7 अक्टूबर को पूरी होंगी। ये रैलियां मोदी के 25 साल के सार्वजनिक जीवन को चिह्नित करने के लिए निकाली जा रही हैं। पीएम बोले- सेवा यात्राओं ने मेरे जीवन में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, 5 बड़ी बातें… पीएम ने 24 सितंबर को वडनगर से वाराणसी जा रहे सेवा यात्रियों से बात की थी पीएम मोदी ने 24 सितंबर को भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सेवा यात्रा में शामिल बाइकर्स से बातचीत की थी। 10 ग्रुप में बाइक सवार वडनगर से वाराणसी तक की यात्रा कर रहे हैं। बाइकर्स से बातचीत के दौरान पीएम मोदी ने एक पुरानी कहावत का जिक्र किया था। उन्होंने कहा कि जब कोई व्यक्ति यात्रा से लौटता है और आप उसे नमन करते हैं, तो उस यात्रा से मिला आधा आध्यात्मिक पुण्य सम्मान करने वाले व्यक्ति को भी मिलता है। इसलिए आज इन सभी सेवा यात्रियों को नमन करके मैं भी उस पुण्य का आधा हिस्सा ले रहा हूं। पीएम मोदी के 76वें जन्मदिन आशीर्वाद का दीया मनाया गया था पीएम मोदी के 76वें जन्मदिन पर 17 सितंबर को देशभर में आशीर्वाद का दीया कार्यक्रम के तहत दीपोत्सव मनाया गया था। कई राज्यों में लोगों ने दीये जलाकर पीएम के जन्मदिन पर कार्यक्रम आयोजित किए थे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और गुजरात के सीएम भूपेन्द्र पटेल ने कांकरिया झील पर आरती की थी। इससे पहले शाह ने वडनगर में कहा कि मोदी दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेताओं में हैं। उन्होंने वडनगर से वाराणसी तक करीब 1300 किमी की बाइक रैली रवाना की थी। ——— ये खबर भी पढ़ें… पीएम ने मंत्रियों से योजनाओं और कामकाज पर फीडबैक लिया:कहा- कोई जरूरतमंद योजना के लाभ से न छूटे, लोगों का जीवन आसान बनाना लक्ष्य पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुए दो दिन के चिंतन शिविर में मंत्रियों ने अपने-अपने मंत्रालयों के कामकाज और योजनाओं पर चर्चा की। पीएम मोदी ने मंत्रियों से योजनाओं की स्थिति, सामने आ रही दिक्कतों और सुधार की जरूरतों पर फीडबैक लिया। पूरी खबर पढ़ें…
Source link