![]()
शाहजहांपुर के मदनापुर विकासखंड स्थित फाजिलपुर गौ संरक्षण केंद्र में बड़ी अनियमितताएं सामने आई हैं। मंगलवार दोपहर तीन बजे उपजिलाधिकारी सदर (एसडीएम) संजय पांडेय के औचक निरीक्षण के दौरान एक मृत बछड़ा मिला और अभिलेखों में दर्ज संख्या से 98 गौवंश कम पाए गए। केंद्र के अभिलेखों और ऑनलाइन पोर्टल पर कुल 403 गौवंश दर्ज थे। लेकिन, मौके पर केवल 305 गौवंश ही मौजूद मिले। इस तरह, 98 गौवंशों का कोई हिसाब नहीं मिल पाया, जिससे उनकी अनुपस्थिति पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। निरीक्षण दल को परिसर में एक बछड़ा मृत अवस्था में पड़ा मिला। चौंकाने वाली बात यह थी कि मृत बछड़े का अंतिम संस्कार भी नहीं कराया गया था, जो केंद्र की लापरवाही को दर्शाता है। निरीक्षण के दौरान संबंधित अधिकारी, ग्राम प्रधान/प्रशासक या कोई अन्य जिम्मेदार प्रतिनिधि मौके पर मौजूद नहीं था। इससे केंद्र के प्रबंधन और देखरेख पर सवाल खड़े हो गए हैं। निरीक्षण में गौवंशों के लिए हरे चारे की समुचित व्यवस्था का अभाव भी पाया गया। चारे को पशुओं तक व्यवस्थित रूप से पहुंचाने के बजाय खेत में ही फेंका जा रहा था, जिससे उन्हें पर्याप्त पोषण नहीं मिल पा रहा था। इन गंभीर खामियों के सामने आने के बाद गौ संरक्षण के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद गौवंशों की दुर्दशा पर सवाल उठ रहे हैं। प्रशासन ने इस पूरे प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के संकेत दिए हैं। हालांकि, एसडीएम से कई बार संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की।
Source link